~ Balaji Kripa

Sunday, 9 November 2014


मैंने जीवन अर्पण कर दिया गुणगान के लिए
मैंने लाल रंगाया चोला हनुमान के लिये
बालाजी मैंने जीवन अर्पण कर दिया गुणगान के लिये

हम तेरे दर पे आये श्रद्धा के फूल चड़ाए
श्रद्धा के फूल चड़ाए चरणों में शीश झुकाये
हम खाली झोली लाये वरदान के लिये
बालाजी मैने....

हनुमान दया करो इतनी तेरी नजर मेहर की जितनी
तेरी नजर मेहर की इतनी बाबा चोला चढ़ावे दखनी
हम खुद को भेट चढ़ावे तेरे ध्यान के लिये
बालाजी मैने....

दुःख भक्तो का हरलो तुम अपना सेवक रखलो तुम
अपना सेवक रखलो तुम विनती मेरी सुनलो तुम
ह्रदय में ज्ञान भरो तुम निष्काम के लिये
बालाजी मैने....

बनकर आये खुदगर्जी सेवा में लगादी अर्जी
सेवा में लगादी अर्जी आगे है तुम्हारी मर्जी है
दास तुम्हारा कर्जी सम्मान के लिये
बालाजी मैने....

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